संयोगः विंग कमांडर अभिनंदन को खूनी भीड़ से बचाने वाला पाकिस्तानी सेना का सूबेदार अहमद खान भारतीय गोलीबारी में ढेर!

– हालांकि पाकिस्तानी सेना ने अभी तक अधिकारिक पुष्टि नहीं की है

– कुछ लोग यह बातें भी फैला रहे हैं कि अहमद खान ने अभिनंदन को प्रताड़ित किया था, हालांकि अभिनंदन ने ऐसी किसी भी बात से इंकार किया था

Ravi Raunkhar, Jalandhar
August 19, 2019

विंग कमांडर अभिनंदन के मिग-21 क्रैश के शुरुआती वीडियो और फोटो तो आपने देखे होंगे जिसमें पाकिस्तानी सैनिक विंग कमांडर को पकड़कर ले जा रहे होते हैं। उनमें से एक सैनिक को दो दिन पहले भारतीय फौज ने कश्मीर में मार गिराया है। उसका नाम सुबेदार अहमद खान था। पाकिस्तानी सूत्रों के मुताबिक अहमद खान पाकिस्तानी सेना का जांबाज सैनिक था। वह कई ऑप्रेशन में हिस्सा ले चुका था। कई अहम ऑप्रेशन्स को उसने कमांड भी किया था। अब संयोग ही कहिए कि कभी विंग कमांडर अभिनंदन को पकड़कर वह पाकिस्तान का हीरो बना था और आज वह पाकिस्तान के लिए शहीद हो गया है। सैनिक किसी का भी हो उसे पूरा सम्मान दिया जाता है। वह सिर्फ अपनी ड्यूटी निभा रहा होता है। सोशल मीडिया पर कुछ ऐसे पोस्ट भी वायरल हो रहे हैं जिसमें दावा किया जा रहा है कि सूबेदार अहमद खान ने भारत के विंग कमांडर अभिनंदन को प्रताड़ित किया था। हालांकि इस बात की पुष्टि अभिनंदन ने भी नहीं की है। इससे उलट अभिनंदन को अहमद खान और उसके साथियों ने ही खूनी भीड़ की गिरफ्त से बचाया था। हालांकि यह सच है कि अहमद खान भारतीय सीमा में आतंकियों की घुसपैठ करवाने का माहिर था। उसे अपने किए की सजा भी भारतीय फौज ने बाकायदा सैन्य परंपरा के तहत ही दी। सैनिक अपने फर्ज को निभाते हुए जान दे देते हैं। चाहे किसी भी देश के हों।

Subedar Ahmad Khan SSG (special services group ) are elite soldiers of Pakistan Army

यह पाकिस्तान के लिए एक बड़ी क्षति है। पाकिस्तानी सेना ने उसकी मौत की अधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं की है। 15 अगस्त से अब तक भारतीय गोलीबारी में पाकिस्तानी सेना के 11 से अधिक सैनिक मारे जा चुके हैं लेकिन पाकिस्तान ने सिर्फ तीन की ही पुष्टि की है। वह भी एक एक करके। यह तो सैनिकों के परिजनों ने वहां के डीजीआईएसपीआर मेजर जनरल आसिफ गफूर पर दबाव डाला कि उनके परिवार के सैनिकों की जानकारी देते हुए ट्वीट करें तब जाकर जनरल गफूर ने मीडिया को यह जानकारी दी।

हमें एक बात यह भी ध्यान में रखनी चाहिए कि चाहिए कि पाकिस्तानी सैनिकों की कैद में विंग कमांडर के वह वीडियो अगर वायरल न होते तो शायद वह किसी जेल में बंद होता। हालांकि पाकिस्तानी सेना चाहकर भी वैसा नहीं कर पाई लेकिन जिस तरह से पाकिस्तान के गांव वालों ने अपने विंग कमांडर शहजाजुद्दीन को भारतीय पायलट समझकर पीट पीट कर मार डाला था वैसा इस मामले में नहीं हो पाया। अभिनंदन मिग-21 चला रहे थे और पाकिस्तान के शहजाजुद्दीन एफ-16 विमान पर थे। अभिनंदन ने उसका जहाज गिरा दिया था। शहजाजुद्दीन एफ-16 से पैराशूट से उतर गए थे। मगर जिस पाकिस्तानी गांव में वह उतरे वहां के लोगों ने उसे भारतीय पायलट समझकर पीट पीट कर मार डाला था। मगर पाकिस्तान की सेना को अभिनंदन की जानकारी बहुत जल्द पता लग गई थी और वह समय पर वहां पहुंचकर भीड़ से उन्हें बचा पाए। मगर शहजाजुद्दीन इतने किस्मत वाले नहीं थे। जानकारों के मुताबिक वह घायल थे और अपनी बात बता नहीं पाए। गांववाले बालाकोट के हमले से डरे हुए थे और उन्होंने अपने ही पायलट को बिना सोचे समझे अधमरा कर दिया। जबतक पाकिस्तानी सेना वहां पहुंची तब तक बहुत देर हो गई थी। उसे अस्पताल पहुंचाया गया लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

अहमद खान को अभी तक पाकिस्तानी सेना ने शहीद करार नहीं दिया है

सूबेदार अहमद खान ने विंग कमांडर अभिनंदन को पाकिस्तान के उन गांववालों से बचाया भी था। अगर पाकिस्तानी सेना समय पर वहां न पहुंचती और अहमद खान समय पर अभिनंदन को सूझबूझ से गांववालों के चंगुल से न बचाते तो शायद अभिनंदन हमारे पास सही सलामत नहीं पहुंच पाते।

चाहे वह दुश्मन का सैनिक है लेकिन उसने एक वक्त पर हमारे सैनिक की जान बचाई थी। लेकिन जिस तरह का पाकिस्तानी सेना का पिछरा रिकॉर्ड रहा है जिसमें उन्होंने भारतीय सैनिकों को यातनाएं दे दे कर मारा था उससे कहीं बेहतर था इस बार हमारे पायलट को सही सलामत हमें सौंपना।

स्पेशल सर्विसिस ग्रुप पाकिस्तान सेना की सबसे प्रतिष्ठित टुकड़ी है

सूबेदार अहमद खान को पाकिस्तानी कब्जे के कश्मीर में भारतीय सेना ने अपनी गोलियों का निशाना बनाया है। अहमद खान पाकिस्तानी सेना की सबसे प्रतिष्ठित कमांडो टुकड़ी एसएससी का डिप्टी कमांडेंट था। पाकिस्तान इस वक्त अपने सैनिक की मौत का मातम मना रहा है लेकिन सिर्फ इसी शर्म के कारण अपने सैनिक की शहादत का ऐलान नहीं कर रहा क्योंकि उसकी फोटो विंग कमांडर अभिनंदन के साथ जो दिख गई थी। क्योंकि सोशल मीडिया पर अब पाकिस्तानी खुद अपने सैनिक को श्रद्धांजलि तो दे रहा है लेकिन भारतीय उन्हें ट्रोल भी कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर सूबेदार अहमद खान की वह फोटो बहुत ज्यादा शेयर की जा रही है जिसमें वह विंग कमांडर अभिनंदन को पकड़े हुए दिखाई दे रहे हैं।

नीचे पढ़ें एक पाकिस्तानी जांबाज पायलट की कहानी जिसे पाकिस्तान ने शहीद नहीं माना